नेत्रदान पखवाड़ा हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी 25 अगस्त से 8 सितम्बर तक देशभर में मनाया जा रहा

हमीरपुर,
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ प्रवीण चौधरी ने बताया कि राष्ट्रीय
नेत्रदान पखवाड़ा हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी 25 अगस्त से 8 सितम्बर तक
देशभर में मनाया जा रहा है वही यह नेत्रदान पखवाड़ा हिमाचल प्रदेश में भी
मनाया जा रहा है इसका उद्देश्य नेत्रदान के बारे में लोगों में जागरूकता
बढ़ाना है। ताकि लोग नेत्रदान के लिए आगे आयें। आंखें ईश्वर का दिया
अनमोल वरदान है। नेत्रदान हमें यह अवसर देता है कि मृत्यु के उपरांत आप
किसी की अंधेरी जिंदगी में रोशनी भर दे। कार्निया सम्बन्धी अंधता को
स्वच्छ कार्निया प्रत्यारोपण से ठीक किया जा सकता है। एक व्यक्ति द्वारा
दिये गये नेत्रदान से दो लोगों का जीवन रोशन हो सकता है। मृत्यु के 6
घंटे तक ही नेत्रदान की प्रक्रिया पुरी की जा सकती हैं।इस प्रक्रिया में
10 से 15 मिनट लगते हैं। हम नेत्रदान करके अंधे व्यक्तियों का संसार हरा
भरा कर सकते हैं। नेत्रदान में हम कार्निया जो आंखों की पुतली के ऊपर
शीशे की तरह एक परत होती है का दान करते हैं। कार्निया प्रायः आंखों में
संक्रमण या चोट लगने या बचपन में पोषण की कमी के कारण क्षतिग्रस्त हो
जाता है। अतः कार्निया का प्रत्यारोपण द्वारा पुनः दृष्टि प्राप्त की जा
सकती है। कार्निया का कोई कृत्रिम विकल्प नहीं है। अतः किसी भी उम्र का
कोई व्यक्ति चाहे वह स्त्री है या पुरुष है या जो व्यक्ति चश्मा लगाते
हैं अथवा जिन्होंने आंखो का सफल ऑपरेशन करवाया है वे भी अपनी आंखें दान
कर सकते हैं। नेत्रदान करने का कोई खर्चा नहीं पड़ता है। नेत्रदाता की
मृत्यु हो जाने पर नेत्र संग्रह केंद्र उसके घर एक डॉक्टर भेजेगा और इस
प्रकार हम अपनी आंखें दान कर सकते है।