अपनी कार्यप्रणाली में प्रोफेशनलिज्म और पारदर्शिता लाएं सहकारी सभाएं : राजेश धर्माणी

हमीरपुर ।

नगर एवं ग्राम नियोजन (टीसीपी), आवास और तकनीकी शिक्षा मंत्री राजेश धर्माणी ने कहा है कि आज के दौर में सहकारी सभाएं ग्रामीण क्षेत्रों के विकास और समाज के सभी वर्गों के उत्थान में जमीनी स्तर पर बहुत बड़ी भूमिका अदा कर सकती हैं। इसके लिए उन्हें अपनी कार्यप्रणाली में प्रोफेशनलिज्म, पारदर्शिता और सबको साथ जोड़ने की भावना को आत्मसात करने के साथ साथ अपनी गतिविधियों का विस्तार करना होगा।

शुक्रवार को नादौन के धनेटा क्षेत्र के गांव भदरूं में हिमाचल प्रदेश राज्य सहकारी विकास संघ (हिमकोफैड) शिमला द्वारा ‘सहकारिता से समृद्धि’ विषय पर आयोजित एक दिवसीय जिला स्तरीय सहकारी शिक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करते हुए राजेश धर्माणी ने कहा कि सहकारी सभाओं को केवल राशन की बिक्री तक ही सीमित रहने के बजाय अन्य गतिविधियों में भी संभावनाएं तलाश करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि कई स्वयं सहायता समूह, किसान, बागवान और अन्य लोग अच्छे उत्पाद तैयार करते हैं, लेकिन इन्हें बाजार नहीं मिल पाता है। सहकारी सभाओं को इन उत्पादों की मार्केटिंग के लिए आगे आना चाहिए। बागवानी विभाग की एचपीशिवा परियोजना में भी सहकारी सभाओं के लिए अच्छी संभावनाएं हैं। कॉमन सर्विस सेंटरों और
सोलर प्रोजेक्टों के संचालन, ग्रामीण क्षेत्रों में खाली जमीन पर कोआपरेटिव फार्मिंग में भी प्रयास किए जा सकते हैं।
राजेश धर्माणी ने कहा कि सहकारी सभाओं के सुदृढ़ीकरण के लिए प्रदेश सरकार कई कदम उठा रही है। सरकार ने सहकारी सभाओं को एपीएमसी की फीस में छूट प्रदान की है, जिससे कई सभाओं की आय में अच्छी बढ़ोतरी हुई है। प्रदेश सरकार स्थानीय स्तर पर कई सार्वजनिक सेवाओं को सहकारी सभाओं को सौंपने पर भी विचार कर रही है।
उन्होंने सहकारिता विभाग को सभी सहकारी सभाओं के समस्त लेखा-जोखा को आनलाइन करने के लिए वेबसाइट विकसित करने का सुझाव भी दिया। उन्होंने कहा कि इससे सहकारी सभाओं की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता आएगी तथा लोगों में उनके प्रति भरोसा कायम होगा।
इस अवसर पर क्षेत्रीय सहकारी प्रबंध संस्थान चंडीगढ़ के अधिकारी सुनील कुमार, सहकारी सभाओं की सहायक रजिस्ट्रार वीना भाटिया, राज्य सहकारी बैंक के निदेशक डॉ जगदीश शर्मा और सेवानिवृत्त शिक्षा उपनिदेशक जगदीश कौशल ने प्रशिक्षण कार्यक्रम के प्रतिभागियों को सहकारिता क्षेत्र के विभिन्न पहलुओं, प्रक्रियाओं और भविष्य की संभावनाओं की विस्तृत जानकारी दी।
इससे पहले, हिमकोफैड के निदेशक संतोष कुमार शर्मा ने मुख्य अतिथि, अन्य अतिथियों तथा सभी सहकार बंधुओं का स्वागत किया तथा संघ की गतिविधियों की जानकारी दी।
कार्यक्रम में हिमकोफैड के सीईओ गौरव जरियाल, अन्य अधिकारी, स्थानीय पंचायत जनप्रतिनिधि, कांग्रेस के पदाधिकारी, सहकारी सभाओं के पदाधिकारी और सचिव उपस्थित थे।

बड़सर में सिक्योरिटी गार्ड और सुपरवाइजर के साक्षात्कार 24 को हमीरपुर 17 अक्तूबर। एसआईएस इंडिया लिमिटेड आरटीए, हमीरपुर द्वारा सिक्योरिटी गार्ड और सुपरवाइजर के 70 पदों पर भर्ती के लिए 24 अक्तूबर को सुबह 10 बजे से दोपहर बाद 2 बजे तक उप रोजगार कार्यालय बड़सर में साक्षात्कार लिए जाएंगे। जिला रोजगार अधिकारी सुरेंद्र शर्मा ने बताया कि इन पदों के लिए 19 वर्ष से 40 वर्ष तक के पुरुष उम्मीदवार भर्ती किए जाएंगे। दसवीं फेल या दसवीं पास अथवा इससे अधिक शैक्षणिक योग्यता वाले उम्मीदवार, जिनकी लंबाई कम से कम 168 सेंटीमीटर और वजन 56 से 95 किलोग्राम के बीच हो, इन पदों के लिए पात्र हैं। चयनित उम्मीदवारों को मौके पर ही ऑफर लैटर प्रदान किए जाएंगे तथा प्रतिदिन 8 से 12 घंटे तक ड्यूटी करने पर उन्हें 18,500 रुपये से लेकर 24 हजार रुपये तक मासिक वेतन दिया जाएगा। इन्हें हिमाचल प्रदेश या चंडीगढ़ में नियुक्त किया जाएगा। जिला रोजगार अधिकारी ने बताया कि अगर कोई युवा उपरोक्त योग्यता रखता है और उसका नाम किसी भी रोजगार कार्यालय में पंजीकृत है तो वह अपने मूल प्रमाण पत्रों तथा हिमाचली प्रमाण पत्र के साथ साक्षात्कार में भाग ले सकता है। भर्ती के संबंध में अधिक जानकारी के लिए जिला रोजगार कार्यालय के दूरभाष नंबर 01972-222318 पर भी संपर्क किया जा सकता है।