नूरपुर.
-जैसा कि सुनने में आ रहा है कि सरकार द्वारा नूरपुर के सबसे पुराने स्कूल राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बॉयज और पीएम श्री बीटीसी गर्ल्स स्कूल नूरपुर को मर्ज किया जा रहा है। इस राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के बेस को हाई स्कूल बनाया जा रहा हैं। अगर ऐसा किया जा रहा है तो ये बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है। आपको बता दें कि नूरपुर बॉयज स्कूल ब्रिटिश समय का बना हुआ स्कूल है।स्कूल मे हजारों की संख्या में बच्चे इस स्कूल से शिक्षा ग्रहण कर चुके है और अभी भी सैकड़ों बच्चे शिक्षा ग्रहण कर रहे है।
वीओ -सरकार द्वारा मर्ज की बात आज जैसे ही नूरपुर समाज को पता चली तो नूरपुर ब्राह्मण सभा के प्रदेश अध्यक्ष सुरेश शर्मा ने कहा कि ये बॉयज स्कूल सबसे पुराना स्कूल है और ये स्कूल लड़कों के लिए बनाया गया था और जो पीएम श्री बीटीसी कन्या स्कूल है वो लड़कियों का स्कूल है। इस दोनों स्कूलों को मर्ज करने से पहले सरकार को बच्चों के बैठने के लिए उचित व्यवस्था करनी चाहिए और इन दोनों स्कूल को मर्ज करने की बजाय बॉयज स्कूल की जर्जर बिल्डिंग को ठीक किया जाए!इसका पुनर्निमाण किया जाए और बॉयज स्कूल को अलग और गर्ल्स स्कूल को अलग रखा जाए। इन्हें मर्ज नहीं किया जाए।

बाइट -सुरेश शर्मा (प्रदेश अध्यक्ष ब्राह्मण सभा )
वीओ -स्थानीय निवासी सुदर्शन शर्मा ने कहा कि जैसा कि आपके माध्यम से मैने आज सुना है कि बॉयज स्कूल और कन्या विद्यालय को मर्ज किया जा रहा है।पीएम श्री बीटीसी गर्ल्स स्कूल जो है वो छात्राओं को शिक्षित करने के लिए ही बक्शी टेक चंद द्वारा भेंट किया गया था और क्या जिन्होंने ये स्कूल भेंट किया है क्या सरकार ने उन्हें पूछा है। भेंटकर्ता की क्या राय है वो भी बहुत जरूरी है। और ये स्कूल कन्या विद्यालय है और इस स्कूल को कन्या विद्यालय ही रखा जाए ऐसा मेरा मानना है। क्योंकि इस समय लगभग 400 के करीब छात्राए शिक्षा ग्रहण कर रही है और अगर 200 से ज्यादा लड़कों को इस स्कूल में मर्ज किया जाएगा तो ये स्कूल इन सभी विद्यार्थियों के लिए पर्याप्त नहीं होगा। इसमें इतनी जगह है ही नहीं। सुदर्शन शर्मा ने कहा कि मेरा सरकार से ये आग्रह रहेगा कि इस कन्या विद्यालय को अलग ही रखा जाए ।
बाइट -सुदर्शन शर्मा (स्थानीय निवासी )
वीओ -स्कूल की छात्राओ ने बताया की जैसा कि सुनने में आ रहा है कि सरकार द्वारा नूरपुर के सबसे पुराने स्कूल राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बॉयज और बीटीसी गर्ल्स स्कूल नूरपुर को मर्ज किया जा रहा है। इस राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के बेस को हाई स्कूल बनाया जा रहा हैं। अगर ऐसा किया जा रहा है तो ये बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है। आपको बता दें कि नूरपुर बॉयज स्कूल ब्रिटिश समय का बना हुआ स्कूल है। और हजारों की संख्या में बच्चे इस स्कूल से शिक्षा ग्रहण कर चुके है और अभी भी सैकड़ों बच्चे शिक्षा ग्रहण कर रहे है।
विद्यालय में पढ़ने वाली छात्राओं का भी यही कहना है कि बीटीसी कन्या विद्यालय लड़कियों का स्कूल है और इस स्कूल को कन्याओं के लिए ही रखा जाए इसको किसी अन्य स्कूल के मर्ज नहीं करना चाहिए ।
Author: Himachal Samvaad











